Download PDF: रिजर्व बैंक ने 5 दिसंबर 2019 को मौद्रिक नीति की घोषणा की। उम्मीद थी कि रिजर्व बैंक बाजार को ऐसे संकेत देगा कि वह ब्याज दरों में कमी चाहता है। रिजर्व बैंक रेपो रेट में जब कमी करता है, तो ऐसे संकेत मिलते हैं कि रिजर्व बैंक ब्याज दरों में कमी चाहता है। रेपो रेट से आशय उस दर से होता है, जिस दर पर रिजर्व बैंक तमाम बैकों को कर्ज मुहैया कराता है। रिजर्व बैंक ब्याज दर कम करे, तो तमाम आइटमों की खरीद में तेजी की उम्मीद बंध जाती है। खासकर आटोमोबाइल और हाऊसिंग सेक्टर में तो ब्याज दर का बहुत महत्व होता है। पर रिजर्व बैंक ने रेपो रेट में कोई कमी नहीं की है, पिछली दर यानी 5.15 प्रतिशत को ही बनाये रखा है। रिजर्व बैंक महंगाई को लेकर बहुत चिंतित है खासकर खाने पीने की चीजों की महंगाई उसे परेशान कर रही है।
ANCHOR: आलोक पुराणिक
GUESTS: सुशील चंद्र त्रिपाठी, पूर्व वित्त सचिव ,उत्तर प्रदेश
राजीव रंजन झा, संपादक निवेश मंथन
PRODUCTION: ASHUTOSH MISHRA
REPORT: KESHARI PANDEY
EDITOR: IMRAN KHAN

0 Comments